
पुराने मामलों की भी हो जांच, पूरे नेटवर्क का किया जाए खुलासा
चंद्रपुर: चंद्रपुर शहर में नवजात शिशु की अवैध बिक्री से जुड़े रैकेट का खुलासा होने के बाद जिला महिला कांग्रेस ने मामले की निष्पक्ष और गहन जांच की मांग की है। जिला महिला कांग्रेस अध्यक्ष एडवोकेट कुंदा जेनेकर ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर इस पूरे मामले की तह तक पहुंचने, पर्दे के पीछे सक्रिय मुख्य सूत्रधारों का पर्दाफाश करने तथा बिना किसी देरी के विशेष जांच दल (एसआईटी) गठित करने की मांग की है।

ज्ञापन सौंपते समय जिला महिला कांग्रेस अध्यक्ष एडवोकेट कुंदा जेनेकर के साथ शहर महिला कांग्रेस अध्यक्ष चंदाताई वैरागड़े, महिला एवं बाल कल्याण सभापति तथा नगरसेविका संगीता भोयर, नगरसेविका तवनगर शेख, अश्विनी खोबरागड़े, अनुताई दहेगावकर, मीनाक्षी गुजरकर, एडवोकेट प्रीति शाह, सुवर्णा लोखंडे, प्रतिभा पेंदाम और दीक्षा सातपुते उपस्थित थीं।
रामनगर थाना क्षेत्र में सामने आए इस मामले में पुलिस ने भाग्यश्री हांडे और सायली येरणे नामक दो महिलाओं को पॉक्सो तथा जुवेनाइल जस्टिस अधिनियम के तहत गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, एक महिला और उसके प्रेमी द्वारा अपने नवजात शिशु का सौदा किए जाने के बाद इन दोनों महिलाओं की अवैध बिक्री में कथित भूमिका सामने आई है।
महिला कांग्रेस ने अपने ज्ञापन में कहा है कि गिरफ्तार महिलाओं के एक बड़े राजनीतिक दल से जुड़े होने की चर्चाएं चल रही हैं। ऐसे में इस पूरे मामले के पीछे किसी राजनीतिक संरक्षण की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। संगठन ने मांग की है कि किसी भी प्रकार के राजनीतिक दबाव या हस्तक्षेप से जांच प्रभावित नहीं होनी चाहिए और निष्पक्ष कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
महिला कांग्रेस ने यह भी मांग की है कि जांच के दौरान यह पता लगाया जाए कि इस रैकेट में अन्य बिचौलिए, डॉक्टर, दलाल या अंतरजिला स्तर पर सक्रिय कोई संगठित गिरोह शामिल है या नहीं। साथ ही चंद्रपुर जिले में पूर्व में सामने आए इसी प्रकार के मामलों और संदिग्ध घटनाओं की भी दोबारा जांच कर पूरे नेटवर्क की जड़ों तक पहुंचा जाए, ताकि लंबे समय से चल रहे इस अवैध कारोबार का पूरी तरह खुलासा हो सके।
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि पुलिस विशेष जांच दल गठित कर दोषियों के खिलाफ मजबूत साक्ष्य एकत्रित करे, ताकि उन्हें न्यायालय से कड़ी सजा दिलाई जा सके। इसके साथ ही संबंधित नवजात शिशु की सुरक्षा, स्वास्थ्य और उचित देखभाल की जिम्मेदारी प्रशासन सुनिश्चित करे।
एडवोकेट कुंदा जेनेकर ने चेतावनी दी कि यदि आरोपियों को बचाने, जांच को प्रभावित करने या पुराने मामलों को दबाने का प्रयास किया गया, तो जिला महिला कांग्रेस लोकतांत्रिक तरीके से व्यापक आंदोलन करेगी।




