Home Chandrapur My City चंद्रपुर में ‘महा वॉकेथॉन’ को मिला उत्स्फूर्त प्रतिसाद, जलसंवर्धन का दिया संदेश

चंद्रपुर में ‘महा वॉकेथॉन’ को मिला उत्स्फूर्त प्रतिसाद, जलसंवर्धन का दिया संदेश

चंद्रपुर, 21 अगस्त। राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री स्व. सुधाकरराव नाईक की जयंती के अवसर पर जलसंवर्धन का महत्व नागरिकों तक पहुंचाने के उद्देश्य से मृदा एवं जलसंधारण विभाग की ओर से आयोजित ‘महा वॉकेथॉन – वॉक फॉर वॉटर’ को चंद्रपुरवासियों का उत्स्फूर्त प्रतिसाद मिला। बड़ी संख्या में विद्यार्थियों, युवाओं, विभिन्न संगठनों के सदस्यों, सरकारी अधिकारी-कर्मचारियों और नागरिकों ने इसमें भाग लेकर जलसंवर्धन का संदेश दिया।

सुबह 6 बजे चांदा क्लब ग्राउंड से वॉकेथॉन की शुरुआत हुई। प्रतिभागियों ने चांदा क्लब ग्राउंड, पुराना वरोरा नाका, प्रियदर्शिनी चौक और जटपुरा गेट होते हुए पुनः प्रियदर्शिनी चौक से चांदा क्लब ग्राउंड तक मार्च किया, जहां कार्यक्रम का समापन हुआ।

विजेताओं को पदक, सम्मानचिह्न और नकद पुरस्कार

वॉकेथॉन में जीवनदास चहारे ने प्रथम स्थान हासिल किया। उन्हें पदक, सम्मानचिह्न और 5 हजार रुपये का नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। अशर पठाण ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया और उन्हें पदक, सम्मानचिह्न तथा 3 हजार रुपये का पुरस्कार दिया गया। वहीं पूनम प्रजापति ने तृतीय स्थान हासिल करते हुए पदक, सम्मानचिह्न और 2 हजार रुपये का पुरस्कार प्राप्त किया।

इसके अलावा प्रतियोगिता के सात अन्य प्रतिभागियों को स्मार्ट वॉच, पदक एवं सम्मानचिह्न प्रदान किए गए, जबकि दो प्रतिभागियों को प्रोत्साहनपरक पुरस्कार दिए गए।

‘पानी का संरक्षण नहीं किया तो भविष्य संकट में’

कार्यक्रम में निवासी उपजिलाधिकारी दगडू कुंभार ने कहा कि स्व. सुधाकरराव नाईक ने जलसंवर्धन के क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया। पानी जीवन का आधार है, लेकिन इसके संरक्षण की ओर लंबे समय से अपेक्षित ध्यान नहीं दिया गया। भूजल स्तर चिंताजनक स्थिति में पहुंच रहा है। यदि समय रहते जलसंवर्धन नहीं किया गया तो भविष्य में गंभीर संकट का सामना करना पड़ सकता है।

उन्होंने कहा कि ‘महा वॉकेथॉन’ जैसे उपक्रमों से नागरिकों में जलसंवर्धन को लेकर जागरूकता बढ़ेगी। उन्होंने मृदा एवं जलसंवर्धन के लिए नागरिकों से निरंतर योगदान देने की अपील की।

‘पानी अडवा, पानी जिरवा’ भविष्य की जरूरत

कार्यक्रम की प्रस्तावना करते हुए मृदा एवं जलसंधारण विभाग की कार्यकारी अभियंता नीलिमा मंडपे ने बताया कि स्व. सुधाकरराव नाईक ने महाराष्ट्र में जलसंवर्धन के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य किया। उनकी जयंती के अवसर पर राज्य सरकार के निर्देशानुसार पूरे महाराष्ट्र में ‘महा वॉकेथॉन – वॉक फॉर वॉटर’ का आयोजन किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि स्व. नाईक ने सूखे की स्थिति से निपटने के लिए ‘पानी अडवा, पानी जिरवा’ अभियान को प्रोत्साहित किया और जलसंधारण को महाराष्ट्र के विकास के केंद्र में लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। 15 से 21 अगस्त तक जलसंधारण सप्ताह तथा 15 अगस्त 2026 से 26 जनवरी 2027 तक जलसंधारण अभियान चलाया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि ‘पानी अडवा, पानी जिरवा’ केवल नारा नहीं, बल्कि भविष्य की आवश्यकता है। वर्षा जल को रोकना, जलस्रोतों का संरक्षण करना और पानी का किफायती उपयोग करना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है।

कार्यक्रम की शुरुआत से पूर्व उपस्थित लोगों को जलसंवर्धन की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम का संचालन श्याम हेडाऊ ने किया। इस अवसर पर निवासी उपजिलाधिकारी दगडू कुंभार, उपमुख्य कार्यकारी अधिकारी गिरीश धायगुडे, कार्यकारी अभियंता नीलिमा मंडपे, उपअभियंता मोहन बलकी, श्री खंडाईत, जिला क्रीड़ा अधिकारी नंदू आवारी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।