- चंद्रपुर, 17 जून। महाराष्ट्र सरकार द्वारा अधिसूचित सिंधी विस्थापित क्षेत्रों में आवासीय एवं व्यावसायिक भूमि के शर्तभंग नियमितीकरण तथा फ्री-होल्ड (पूर्ण मालिकाना हक) प्रदान करने के लिए ‘विशेष अभय योजना’ लागू की जा रही है। इस योजना के माध्यम से सिंधी नागरिकों की लंबे समय से लंबित मालिकाना हक और भूमि नियमितीकरण संबंधी समस्याओं का समाधान किया जाएगा तथा उन्हें भूमि के स्वामित्व पट्टे प्रदान किए जाएंगे।
राज्य सरकार के निर्देशानुसार योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जिला स्तर पर विशेष शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में जिलाधिकारी वसुमना पंत के निर्देश तथा उपविभागीय अधिकारी विशाल कुमार मेश्राम के मार्गदर्शन में मंगलवार को सिंधी समाज भवन, चंद्रपुर में विशेष शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर में नायब तहसीलदार प्रियंका मानकर, मंडल अधिकारी प्रवीण वरभे, ग्राम राजस्व अधिकारी योगेश सागुडले, चांदा राय सहित राजस्व एवं भूमि अभिलेख विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने उपस्थित नागरिकों को विशेष अभय योजना-2025 के बारे में विस्तार से जानकारी दी। इस दौरान आवश्यक दस्तावेज, आवेदन प्रक्रिया, पात्रता मानदंड, प्रीमियम भुगतान की प्रक्रिया तथा भूमि के शर्तभंग नियमितीकरण और फ्री-होल्ड प्रक्रिया की जानकारी प्रदान की गई।
शिविर में नागरिकों की विभिन्न शंकाओं का समाधान करते हुए उन्हें आवश्यक मार्गदर्शन और सहयोग उपलब्ध कराया गया। कार्यक्रम के दौरान कुल 57 आवेदन पूर्ण रूप से भरकर स्वीकार किए गए। प्राप्त सभी आवेदनों को आगे की जांच और आवश्यक कार्रवाई के लिए जिलाधिकारी कार्यालय भेजा जाएगा। पात्र मामलों पर शासन के निर्धारित प्रावधानों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
राजस्व प्रशासन ने सिंधी विस्थापित नागरिकों से अपील की है कि वे इस योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाने के लिए आगे आएं और निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आवेदन करें।










