चंद्रपुर, 23 जुलाई: चंद्रपुर महानगरपालिका (मनपा) के स्वास्थ्य विभाग ने संभावित डेंगू एवं अन्य मच्छरजनित रोगों की रोकथाम के लिए 17 जुलाई से मच्छर प्रजनन स्थलों की जांच (कंटेनर सर्वे) अभियान शुरू किया है। अभियान के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीमें शहर के प्रत्येक घर का निरीक्षण करेंगी। मनपा ने नागरिकों से अपील की है कि वे घर पहुंचने वाले ब्रीडिंग चेकरों को पूरा सहयोग दें।
मनपा आयुक्त अकुनुरी नरेश के मार्गदर्शन तथा डॉ. नयना उत्तरवार के प्रत्यक्ष नियंत्रण में ब्रीडिंग चेकर, एएनएम, एमपीडब्ल्यू, आशा कार्यकर्ता एवं स्वच्छता निरीक्षक शहरभर में संभावित मच्छर प्रजनन स्थलों की जांच कर रहे हैं।
बरसात के मौसम में खाली प्लॉट, बंद मकानों की छत, निर्माणाधीन स्थल, कूलर, पुराने टायर, गमलों की प्लेट, फ्रिज की ट्रे, पानी के ड्रम, फिश टैंक, एसी से निकलने वाले पानी के कंटेनर, कबाड़ एवं अन्य स्थानों पर पानी जमा होने से डेंगू फैलाने वाले मच्छरों का प्रजनन होता है। इन स्थानों की पहचान कर उन्हें नष्ट करने के साथ-साथ नागरिकों को जागरूक किया जा रहा है।
मनपा ने नागरिकों से सप्ताह में कम से कम एक बार पानी संग्रहित करने वाले सभी बर्तनों को खाली कर अच्छी तरह साफ एवं सूखा रखने की अपील की है। जहां मच्छरों के लार्वा मिलें वहां एबेट द्रावण का उपयोग करें तथा बड़े जलाशयों में गप्पी मछलियां छोड़ने की सलाह दी गई है, क्योंकि ये मच्छरों के लार्वा खा जाती हैं। साथ ही सप्ताह में एक दिन “ड्राई डे” मनाने का भी आग्रह किया गया है।
डेंगू के प्रमुख लक्षण
– तेज बुखार
– शरीर पर चकत्ते (रैशेज)
– आंखों के पीछे दर्द
– सिरदर्द
– कमर व पीठ दर्द
– मांसपेशियों एवं जोड़ों में दर्द
मनपा ने कहा है कि बुखार आने पर बिना डॉक्टर की सलाह के कोई दवा न लें और तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराएं।
बचाव के लिए क्या करें?
मनपा के अनुसार अगले कुछ सप्ताह डेंगू की रोकथाम के लिए बेहद महत्वपूर्ण हैं। यदि प्रत्येक परिवार का एक सदस्य प्रतिदिन केवल 10 मिनट घर और आसपास जमा पानी की जांच करे तथा कहीं भी पानी जमा न होने दे, तो डेंगू जैसी गंभीर बीमारी से काफी हद तक बचाव संभव है। जिन क्षेत्रों में पहले डेंगू के मरीज मिले थे, वहां विशेष निगरानी रखी जा रही है।







